राजस्थान राज्य: दुबई में हो रहे ड्रोन हमले और सायरनों की आवाज भयानक सुनकर दहल गई, जिनके चलते एक युवक को दिल्ली के अस्पताल में भर्ती करना पड़ा
राजस्थान के झुंझुनूं में रहने वाले युवा लोगों को पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के परिणामों ने काफी मुसीबत में डाल दी। दुबई से कठिन प्रयासों के बाद भारत पहुंचा शाहरुख को ड्रोन हमलों और सायरन की आवाज से इतना मानसिक तनाव हुआ कि उसे अस्पताल में भर्ती करना पड़ा है।
झुंझुनूं: देश और दुनिया भर में बने युद्ध के हालात को लेकर सभी चिंतित हैं। लेकिन जो लोग इन हालातों को देख रहे हैं, उनकी स्थिति कैसी होगी? यह राजस्थान के झुंझुनूं में एक युवक के साथ हुई घटना से समझा जा सकता है। वास्तव में, दुबई से लौटकर जिले के पचलंगी निवासी शाहरुख खान के साथ बीता पिछले कुछ दिन बहुत खतरनाक थे। उन्हें लगातार ड्रोन हमलों और सायरन की गूंज से इतना मानसिक तनाव हुआ कि घर पहुंचते ही अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

काम के दौरान सायरन बजते थे, ड्रोन उनके पास में जाकर फिरते थे गिरते थे
शाहरुख पिछले एक साल से सोनापुर, दुबई में एक गैस पाइपलाइन परियोजना में काम कर रहे हैं। सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन अचानक हालात बदतर हो गए, जो लोगों को भयभीत कर दिया गया हैं। शाहरुख का कार्यस्थल आर्मी बेस के निकट था, जो लगातार निशाना बनाया जाता था।
सुनाई गई आपबीती और देखा गया भयानक चित्र
युवक ने बताया कि हमला होने से पहले मोबाइल पर अलर्ट मैसेज आने लगे थे। मैसेज के तुरंत बाद सायरन बज गया, जिससे सभी को भागना पड़ा। शाहरुख ने ड्रोन हमलों को अपनी आंखों के सामने देखा है, ऐसा कहा जाता है। कभी-कभी सायरन बजते ही काम छोड़कर भागना पड़ता था ताकि जीवित रह सकें।
रद्द हुई उड़ानें, वतन वापसी की कठिन कोशिशें
स्थिति इतनी खराब हो गई कि शाहरुख ने भारत लौटने का निर्णय लिया, हालांकि रास्ता कठिन था
बताया जा रहा है कि 20 मार्च 2026 को शारजाह एयरपोर्ट से उड़ानें तय थीं, लेकिन उड़ाने की धमकी मिलने पर उड़ानें रद्द कर दी गईं। शाहरुख ने फिर फुजैराह एयरपोर्ट से टिकट निकालने की कोशिश की, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। लेकिन अंततः घर लौटना सफल हो गया। उन्हें बहुत मेहनत के बाद दुबई से टिकट मिली, जिससे वे 21 मार्च को दिल्ली सुरक्षित पहुंच सके।
मानसिक रूप से तनाव और परेशान हो गए
मिली जानकारी के अनुसार, शाहरुख को लगातार धमाकों और असुरक्षा का सामना करना गहरे मानसिक तनाव (ट्रोमा) का शिकार बनाया। वह दिल्ली पहुंचते ही बीमार हो गई, इसलिए उसे अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने कहा कि उनकी हालत अब सुधर गई है और वे खतरे से बाहर हैं।